Mantras

हिन्दू धर्म एक ऐसा धर्म है जहाँ स्थान के साथ भगवान् भी बदल जाते हैं| लेकिन हिन्दू धर्म के अनुयायियों का लक्ष्य एक ही है|
वैदिक शास्त्रों में सभी भगवान् की आराधना के लिए अलग अलग मन्त्र दिए हुए हैं|

Were You Born On A SATURDAY?

Were you born on a Saturday? If so then yours is a serious personality. Either you will be very hardworking or laid back. You like dark colours dark blue, black, dark brown and other dark shades of [...]

रक्षा बंधन 3 अगस्त को मनाया जाएगा। इस दिन भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी की कृपा भक्त पर सुख, धन और समृद्धि को बढ़ाती है। इस दिन संसतपाका योग , 7 योगो का मिलन और त्रियोग, 3 योगो का मिलन [...]

21 जून को होने वाला सूर्य ग्रहण दुर्लभ ग्रह संरेखण का दिन है- सभी ग्रहों को सर्प ग्रह राहु और केतु द्वारा घेरा जाएगा, और प्रमुख ग्रह बृहस्पति, शनि, शुक्र और बुध ग्रह प्रतिगामी होंगे।

आगामी 21 जून को होने वाला सूर्य ग्रहण दुर्लभ ग्रह संरेखण का दिन है- सभी ग्रहों को सर्प ग्रह राहु और केतु द्वारा घेरा जाएगा, और प्रमुख ग्रह बृहस्पति, शनि, शुक्र और बुध ग्रह प्रतिगामी होंगे। इसके अलावा, [...]

Celebrating 1st Anniversary , Thank you for being a part of our journey this year. Dear valued Clients, Well Wishers, Friends & Family: This Thanksgiving, we want to share our genuine appreciation with you. Without you, we would [...]

महिषासुरमर्दिनी स्तोत्र

॥ महिषासुरमर्दिनिस्तोत्रम् ॥ अयि गिरिनंदिनि नंदितमेदिनि विश्वविनोदिनि नंदनुते गिरिवरविंध्यशिरोधिनिवासिनि विष्णुविलासिनि जिष्णुनुते। भगवति हे शितिकण्ठकुटुंबिनि भूरिकुटुंबिनि भूरिकृते जय जय हे महिषासुरमर्दिनि रम्यकपर्दिनि शैलसुते॥१॥ सुरवरवर्षिणि दुर्धरधर्षिणि दुर्मुखमर्षिणि हर्षरते त्रिभुवनपोषिणि शंकरतोषिणि किल्बिषमोषिणि घोषरते। दनुजनिरोषिणि दितिसुतरोषिणि दुर्मदशोषिणि सिन्धुसुते जय जय हे महिषासुरमर्दिनि रम्यकपर्दिनि शैलसुते॥२॥ अयि जगदंब मदंब कदंबवनप्रियवासिनि हासरते शिखरिशिरोमणितुंगहिमालयशृंगनिजालयमध्यगते। मधुमधुरे मधुकैटभगंजिनि [...]

शिव ताण्डव स्तोत्र पढ़ने या सुनने मात्र से प्राणी पवित्र हो जाता है व शिव को स्थापित हो जाता है और सारे भ्रम भी दूर हो जाते हैं।

शिव ताण्डव स्तोत्र (संस्कृत:शिवताण्डवस्तोत्रम्) महान विद्वान एवं परम शिवभक्त लंकाधिपति रावण द्वारा विरचित भगवान शिव का स्तोत्र है। कथा मान्यता है कि शिवभक्त रावण ने कैलाश पर्वत ही उठा लिया था और जब पूरे पर्वत को ही लंका ले [...]

ॐ भूर्भुवः स्वः, तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्यः धीमहि, धियो यो नः प्रचोदयात् – गायत्री मंत्र

ॐ भूर्भुवः स्वः, तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्यः धीमहि, धियो यो नः प्रचोदयात्। अर्थ: गायत्री अर्थात वेद ग्रंथ की माता को हिन्दू धर्म में सबसे उत्तम मंत्र माना जाता है। यह मंत्र हमें ज्ञान प्रदान करता है।  इस मंत्र का मतलब है: हे प्रभु, कृपा करके हमारी बुद्धि को उजाला प्रदान कीजिये और [...]

शिवजी का प्रार्थना का मन्त्र हिंदी अर्थ सहित ।।

ॐ हौं जूं सः ॐ भूर्भुवः स्वः ॐ त्र्यम्‍बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम् उर्वारुकमिव बन्‍धनान् मृत्‍योर्मुक्षीय मामृतात् ॐ स्वः भुवः भूः ॐ सः जूं हौं ॐ !! हिंदी अर्थ:- हे तीन आँखो वाले महादेव, हमारे पालनहार, पालनकर्ता कृपा कर हमें इस दुनिया के मोह [...]

सफल जीवन के लिए मन्त्रों का जाप | ॥ गणेश मंत्र ॥ 

 वक्रतुंड महाकाय कोटिसूर्यसमप्रभ । निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा ॥  आपका एक दांत टूटा हुआ है तथा आप की काया विशाल है और आपकी आभा करोड़ सूर्यों के समान है। मेरे कार्यों में आने वाली बाधाओं को सर्वदा [...]