संतान उत्पत्ति में बाधक ग्रह तथा इनके अचूक उपाय | Child Birth Prediction in Vedic Astrology

Post Date: June 10, 2021

संतान उत्पत्ति में बाधक ग्रह तथा इनके अचूक उपाय | Child Birth Prediction in Vedic Astrology

आजकल दांपत्य जीवन में सबसे बड़ी समस्या आ रही है कि संतान के जन्म में बाधा आना।

कई बार जातिका गर्भधारण तो कर लेती है किंतु उसका गर्भ नष्ट हो जाता है।फिर दोनों दंपत्ति अपने आप में कमी देखने लगते हैं।इसके बाद दोनों दंपत्ति डॉक्टरों के पास जाते हैं।

उनका परामर्श लेते हैं, चेकअप करवाते हैं किंतु रिपोर्ट पॉजिटिव आती है।फिर वह सोचते हैं समस्या कहां पर आ रही है?इसके कुछ ज्योतिषी कारण बताए गए हैं।ज्योतिष में पंचम भाव संतान का भाव बताया गया है।यदि कुंडली में पंचम भाव तथा पंचमेश पीड़ित है और बुध तथा शनि की युति पंचम भाव तथा सप्तम भाव में बन रही है और संतान का कारक गुरु भी पीड़ित है तथा गुरु की दृष्टि, पंचम भाव तथा पंचमेश पर नहीं है।तो ऐसी समस्या आती है।यह योग और भी प्रबल हो जाता है जब नवांश कुंडली में बुध शनि की युति पंचम भाव सप्तम भाव में हो।इसलिए मेरा सभी जातक जातिकाओ से निवेदन है कि ज्योतिषी परामर्श लें।और अपनी कुंडली सही समय पर दिखाएं।तथा उसमें उपस्थित सभी योग दुर्योग बारे में जाने।तथा सही समय पर निवारण करवाएं।

 उदाहरण।-यह एक जातक की पत्रिका है।जो कुंभ लग्न की है।इस पत्रिका में पंचमेश बुध बनता है जो लाभ भाव में शनि के साथ बैठा हुआ है।तथा संतान का कारक गुरु पंचम भाव में बैठा हुआ है जिस पर शनि की सातवीं दृष्टि पड़ी हुई है।इसलिए पंचम भाव, पंचमेश तथा संतान का कारक गुरु तीनों पीड़ित हो गए।तथा बुध शनि की युति लाभ भाव में बनी हुई है जो पंचम भाव से संबंध बना रही है।तथा नवांश पत्रिका में बुध छठा भाव में है जिस पर शनि की दशमी दृष्टि पड़ी हुई है।इस जातक के विवाह को 6 वर्ष हो गए किंतु अभी तक इनके कोई भी संतान नहीं है।इसलिए पोस्ट में बताए गए उक्त कथन सत्य होते हैं।इस जातक का जन्म विवरण निम्न प्रकार है।

 

Example- This is the magazine of a person who is of Aquarius Ascendant. In this magazine, the fifth house Mercury is formed, which is sitting with Saturn in the house of profit. And the karaka of children, Jupiter is sitting in the fifth house. On which the seventh vision of Saturn is lying. Therefore, the fifth house, the fifth house and the karaka of children, all three became victims. And the conjunction of Mercury and Saturn remains in the benefic house, which is making a relation with the fifth house and in the Navamsa magazine, Mercury is in the seventh house, on which the tenth vision of Saturn is lying. This person has been married for 6 years but till now there is no child.
Therefore, the above statements made in the post are true. The birth details of this caste are as follows.

One of the aspirations for any individual to get married would be to expand a family. Many brides and grooms would like to relish their parenthood. It’s one of the first commitment that they plan as soon as they settle in their marital relationship. However, some couples may not be lucky. They have problems with inevitable interruptions and cannot conceive a child. About that, they wonder where to go and how exactly to consult?

Vedicology astrologers will conduct an in depth horoscope analysis, understand the cause and suggest suitable astrological remedies for childless couple.

Article by Yogesh Tiwari,
Senior Astrologer,
Sri Astro Vastu

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